शारदीय नवरात्रि 2022

ज्योतिषाचार्यों के अनुसार श्रीवत्स योग और उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में माता का आगमन विशेष रूप से फलदायी होगा।

इससे लोगों के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि आएगी।

इन दिनों माता के नौ रूपों की विधिवत पूजा अर्चना की जाती है पहले दिन  घटस्थापना होती है

माँ शैलपुत्री को प्रथम देवी के रूप में पूजा जाता है

नवरात्रि के प्रथम दिन शुक्ल और ब्रह्म योग का अद्भभुत संयोग बनने के कारण इसे बहुत खास माना जा रहा है

शुक्ल पक्ष प्रतिपदा तिथि: प्रतिपदा तिथि की शुरुआत 26 सितंबर को सुबह 03 बजकर 24 मिनट से हो रही है और 27 सितंबर सुबह 03 बजकर 08 मिनट तक रहेगी.

घटस्थापना मुहूर्त: . 06:a.mसे 07:51 a.mतक रहेगा। इसकी अवधि – 01 घण्टा 40 मिनट तक रहेगी।

घटस्थापना अभिजित मुहूर्त – 11:48 a.m से 12:36 p.mतक रहेगा। अवधि – 00 घण्टे 48 मिनट तक।

घटस्थापना अभिजित मुहूर्त – 11:48 a.m से 12:36 p.mतक रहेगा। अवधि – 00 घण्टे 48 मिनट तक।

विस्तृत जानकारी के लिए  वेबसाइट पर जाएँ |